‘दुर्लभ से दुर्लभतम’ सिद्धांत
22 जनवरी, 2025 को, दो अलग-अलग हत्या के मामलों में अलग-अलग फैसले आए, जहां एक मामले में मृत्युदंड की सज़ा सुनाई गई, वहीं दूसरे मामले में अभियुक्त को आजीवन कारावास की सज़ा सुनाई गई, जिससे न्यायपालिका के 'दुर्लभ से दुर्लभतम' सिद्धांत (Rarest of Rare doctrine) के प्रति दृष्टिकोण पर पुनः सवाल खड़े हुए हैं।
'दुर्लभ से दुर्लभतम’ या ‘रेयरेस्ट ऑफ रेयर’ सिद्धांत क्या है?
- शीर्ष अदालत ने बच्चन सिंह बनाम पंजाब राज्य (1980) नामक वाद में "दुर्लभ से दुर्लभतम" मामलों का गठन करने वाले सिद्धांतों को निर्धारित किया था।
- बचन सिंह बनाम पंजाब राज्य वाद में सुप्रीम कोर्ट ने कहा था ....
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