वैक्सीन राष्ट्रवाद एवं कोविड-19 से लड़ाई पर इसका प्रभाव
हाल ही में विश्वव्यापी महामारी कोविड-19 की रोकथाम के लिए असरदार वैक्सीन विकसित करने के प्रयासों के बीच विश्व स्वास्थ्य संगठन (WHO) ने वैक्सीन राष्ट्रवाद (Vaccine nationalism) के ख़तरे के प्रति सचेत किया है। इस तरह की प्रथा महामारी को और गंभीर बना सकती है।
प्रमुख बिन्दु
- कई अमीर देश कोविड-19 वैक्सीन निर्माताओं के साथ अंतिम चरण के मानव परीक्षणों या विनियामक अनुमोदन के अंत से पहले पूर्व-खरीद समझौते कर रहे हैं जिससे वैक्सीन राष्ट्रवाद को बढ़ावा मिल रहा है।
- ऐसी आशंकाएं हैं कि ब्रिटेन, फ्रांस, जर्मनी और अमेरिका जैसे धनी देशों द्वारा किए गए अग्रिम समझौते शुरुआती कुछ टीकों ....
क्या आप और अधिक पढ़ना चाहते हैं?
तो सदस्यता ग्रहण करें
इस अंक की सभी सामग्रियों को विस्तार से पढ़ने के लिए खरीदें |
पूर्व सदस्य? लॉग इन करें
वार्षिक सदस्यता लें
सिविल सर्विसेज़ क्रॉनिकल के वार्षिक सदस्य पत्रिका की मासिक सामग्री के साथ-साथ क्रॉनिकल पत्रिका आर्काइव्स पढ़ सकते हैं |
पाठक क्रॉनिकल पत्रिका आर्काइव्स के रूप में सिविल सर्विसेज़ क्रॉनिकल मासिक अंक के विगत 6 माह से पूर्व की सभी सामग्रियों का विषयवार अध्ययन कर सकते हैं |
संबंधित सामग्री
- 1 लीमा वार्ता में बीज संधि के विस्तार का वैश्विक दक्षिण द्वारा विरोध
- 2 भारत यूनेस्को के कार्यकारी बोर्ड में पुनः निर्वाचित
- 3 चेर्नोबिल परमाणु संयंत्र का सुरक्षात्मक कवच क्षतिग्रस्त
- 4 तृतीय ऑस्ट्रेलिया–भारत शिक्षा एवं कौशल परिषद बैठक
- 5 भारत–ब्राज़ील रणनीतिक एवं समुद्री सहयोग को बढ़ावा
- 6 भारत–इटली आर्थिक सहयोग को मजबूती
- 7 उत्तर-पश्चिम नाइजीरिया में IS-संबंधित उग्रवादियों पर अमेरिका के हमले
- 8 प्रधानमंत्री मोदी की ओमान यात्रा
- 9 जापान सागर
- 10 बाल गरीबी: द स्टेट ऑफ द वर्ल्ड्स चिल्ड्रन 2025
- 1 सिंधु जल समझौता
- 2 चीन द्वारा कैलाश मानसरोवर पर मिसाइल साइट का निर्माण
- 3 भारत-बांग्लादेश संबंध एवं तीस्ता जल विवाद
- 4 पाकिस्तान और सऊदी अरब मतभेद एवं भारत के निहितार्थ
- 5 सप्लाई चैन रेज़ीलिएंस इनीशिएटिव
- 6 ब्रिक्स नवाचार संचालन केंद्र
- 7 अंतरराष्ट्रीय वित्त निगम
- 8 पूर्वी एशिया शिखर सम्मेलन
- 9 ब्रिक्स समूह की एंटी-ड्रग वर्किंग ग्रुप की बैठक
- 10 विश्व सौर प्रौद्योगिकी शिखर सम्मेलन

